Ajab Gajab

Status, Shayari, Message, Vrat Katha, Pauranik Katha, Jyotish, News, Hindi Story, Religion, Health, Poem, Jokes, Kavita, Geet, Gazal, Wishes, SMS, Interesting Facts

Menu
  • Pauranik Katha
  • Jyotish
  • Quotes
  • Shayari
  • Amazing India
  • Self Improvment
  • Health
  • Temple
  • Bizarre
Menu

प्रातः से लेकर रात्रि तक बोलने चाहिए ये 10 मंत्र

Posted on November 24, 2016November 24, 2016 by Pankaj Goyal

हिंदू धर्म में मंत्रों का विशेष महत्व है। मंत्रों के माध्यम से अनेक कठिन काम भी आसानी से किए जा सकते हैं। हमारे ऋषि-मुनियों ने दैनिक जीवन से जुड़े हर काम से पहले या बाद में एक विशेष मंत्र बोलने का विधान बनाया है, लेकिन बदलते समय के साथ हम इस परंपरा से दूर होते जा रहे हैं। आज हम आपको 10 ऐसे मंत्रों के बारे में बता रहे हैं जो सुबह उठने से लेकर रात को सोने से पहले हर मनुष्य को बोलना चाहिए। ये 10 मंत्र इस प्रकार हैं-

अवश्य पढ़े- जानिए आरती के बाद क्यों बोलते हैं कर्पूरगौरं मंत्र

From Morning Till Night Should Speak These 10 Mantra

1. सुबह उठते ही अपनी दोनों हथेलियां देखकर ये मन्त्र बोलें (कर दर्शन मंत्र)

कराग्रे वसते लक्ष्मीः करमध्ये सरस्वति।
करमूले तु गोविन्दः प्रभाते करदर्शनम् ।।

2. धरती पर पैर रखने से पहले ये मंत्र बोलें

समुद्रवसने देवि पर्वतस्तनमण्डले ।
विष्णुपत्नि नमस्तुभ्यं पादस्पर्शं क्षमस्वमे ॥

3. दातून (मंजन) से पहले ये मंत्र बोलें

आयुर्बलं यशो वर्च: प्रजा: पशुवसूनि च।
ब्रह्म प्रज्ञां च मेधां च त्वं नो देहि वनस्पते।।

4. नहाने से पहले ये मंत्र बोलें

स्नान मन्त्र गंगे च यमुने चैव गोदावरी सरस्वती।
नर्मदे सिन्धु कावेरी जले अस्मिन् सन्निधिम् कुरु॥

5. सूर्य को अर्ध्य देते समय ये मंत्र बोलें

ॐ भास्कराय विद्महे, महातेजाय धीमहि
तन्नो सूर्य:प्रचोदयात

6. भोजन से पहले ये मंत्र बोलें

  1. ॐ सह नाववतु, सह नौ भुनक्तु, सह वीर्यं करवावहै ।
    तेजस्वि नावधीतमस्तु मा विद्विषावहै ॥
    ॐ शान्तिः शान्तिः शान्तिः ॥
  2. अन्नपूर्णे सदापूर्णे शंकर प्राण वल्लभे।
    ज्ञान वैराग्य सिद्धयर्थ भिखां देहि च पार्वति।।
  3. ब्रह्मार्पणं ब्रह्महविर्ब्रह्माग्नौ ब्रह्मणा हुतम् ।
    ब्रह्मैव तेन गन्तव्यं ब्रह्मकर्म समाधिना ।।

7. भोजन के बाद ये मंत्र बोलें

  1. अगस्त्यम कुम्भकर्णम च शनिं च बडवानलनम।
    भोजनं परिपाकारथ स्मरेत भीमं च पंचमं ।।
  2. अन्नाद् भवन्ति भूतानि पर्जन्यादन्नसंभवः।
    यज्ञाद भवति पर्जन्यो यज्ञः कर्म समुद् भवः।।

8. अध्ययन (पढाई) से पहले ये मंत्र बोलें (सरस्वती मंत्र)

ॐ श्री सरस्वती शुक्लवर्णां सस्मितां सुमनोहराम्।।
कोटिचंद्रप्रभामुष्टपुष्टश्रीयुक्तविग्रहाम्।

9. शाम को पूजा करते वक़्त ये मंत्र बोलें (गायत्री मंत्र)

ॐ भूर्भुव: स्व: तत्सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य
धीमहि धियो यो न: प्रचोदयात्।

10. रात को सोने से पहले ये मंत्र बोलें (विशेष विष्णु शयन मंत्र)

अच्युतं केशवं विष्णुं हरिं सोमं जनार्दनम्।
हसं नारायणं कृष्णं जपते दु:स्वप्रशान्तये।।

अन्य सम्बंधित लेख- 

  • गायत्री मंत्र – जप विधि और फायदे
  • Rashi Mantra : जानिए राशि अनुसार अचूक दिव्य मंत्र
  • कामदेव-वशीकरण मन्त्र: सेक्स पॉवर बढ़ाने और वशीकरण के लिए करे इन मन्त्रों का जाप
  • मकान की नींव में सर्प और कलश क्यों गाड़ा जाता है?
  • क्यों रखते है शिखा ? क्या है इसकी वैज्ञानिकता ?

Related posts:

चैत्र नवरात्रि 2023 - माँ दुर्गा का नाव पर होगा आगमन और मनुष्य पर होंगी विदा
शरीर का सार - आचार्य डा.अजय दीक्षित "अजय"
जानिये किन 6 देवों की पूजा होती है धनतेरस के दिन
नवरात्रि 2021 कलश स्थापना मुहूर्त | जानिये नवरात्रि में क्यों उगाई जाती है जौ और क्या है इस से जुड़े ...
श्री हनुमान चालीसा का भावार्थ | Hanuman Chalisa Ka Bhavarth
श्री गुरु अर्जुन देव जी Shri Guru Arjun Dev Ji
राम नवमी | Ram Navami
जानिए, रामायण हमारे शरीर में हर समय होती है घटित
स्कंद षष्ठी व्रत एवं पूजन विधि | महत्व | भगवान कार्तिकेय का जन्म कथा
वैदिक घड़ी क्या कहती है?

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Daily Horoscope

04/16/26

Pages

  • AdTest
  • Contact Us
  • Disclaimer
  • Guest Post & Sponsored Post
  • Privacy Policy
©2026 Ajab Gajab | Design: Newspaperly WordPress Theme