Ajab Gajab

Status, Shayari, Message, Vrat Katha, Pauranik Katha, Jyotish, News, Hindi Story, Religion, Health, Poem, Jokes, Kavita, Geet, Gazal, Wishes, SMS, Interesting Facts

Menu
  • Pauranik Katha
  • Jyotish
  • Quotes
  • Shayari
  • Amazing India
  • Self Improvment
  • Health
  • Temple
  • Bizarre
Menu

पहाड़ी मंदिर – रांची – भारत का एक मात्र मंदिर जहाँ राष्ट्रीय पर्वो पर फहराया जाता है तिरंगा

Posted on May 31, 2014December 31, 2019 by Pankaj Goyal

Pahari Mandir (Temple) History In Hindi : रांची रेलवे स्टेशन से 7 किलो मीटर की दुरी पर ‘रांची हिल’ पर शिवजी का अति प्राचीन मंदिर स्थित है जिसे की पहाड़ी मंदिर के नाम से जाना जाता है। यह मंदिर धार्मिकता के साथ साथ देशभक्तो के बलिदान के लिए भी जाना जाता है।  यह मंदिर देश का इकलौता ऐसा मंदिर है जहाँ 15 अगस्त और 26 जनवरी को राष्ट्रीय ध्वज ‘तिरंगा’ शान से फहराया जाता है। यह परम्परा यहां पर 1947 से ही चली आ रही है।

Pahari Mandir (Temple) , Hindi, History, Story, Kahani, Itihas, Information, Jankari, Ranchi, Jharkhand

देशभक्तो को यहां दी जाती थी फांसी :
पहाड़ी बाबा मंदिर का पुराना नाम टिरीबुरू था जो आगे चलकर ब्रिटिश हुकूमत के समय फाँसी टुंगरी में परिवर्तित हो गया क्योकि अंग्रेजो के राज़ में देश भक्तो और  क्रांतिकारियों को यहां फांसी पर लटकाया जाता था। आजादी के बाद रांची में पहला तिरंगा धवज यही पर फहराया गया था जिसे रांची के ही एक स्वतंत्रता सेनानी कृष्ण चन्द्र दास से फहराया था।  उन्होंने यहाँ पर शहीद हुए देश भक्तो की याद व सम्मान में  तिरंगा फहराया था तथा तभी से यह परम्परा बन गई की स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस को यहाँ पर तिरंगा फहराया जाता है। राष्ट्र ध्वज को धर्म ध्वज से ज्यादा सम्मान देते हुए उसे मदिर के ध्वज से ज्यादा ऊंचाई पर फहराया जाता है। पहाड़ी बाबा मंदिर में एक शिलालेख लगा है जिसमें 14 अगस्त, 1947 को देश की आजादी संबंधी घोषणा भी अंकित है।

Pahari Mandir (Temple),  Freedom fighter,

मंदिर से दिखती है रांची शहर की मनोरम छवि :
यह मंदिर समुद्र तल से 2140 मीटर तथा धरातल से 350 फ़ीट की ऊँचाई पर स्थित है। मंदिर तक पहुँचाने के लिए 468 सीढ़ियां चढनी पड़ती है। मंदिर प्रांगण से पुरे रांची शहर का खुबसूरत नज़ारा दिखाई देता है।पर्यावरण प्रेमियों के लिए भी यह मंदिर महत्वपूर्ण है क्योंकि पूरी पहाड़ी पर मंदिर परिसर के इर्द-गिर्द विभिन्न भाँति के हजार से अधिक वृक्ष हैं।   साथ ही यहाँ से सूर्योदय और सूर्यास्त का अनुपम सौंदर्य भी देखा जा सकता है। पहाड़ी मंदिर में भगवान शिव की लिंग रूप में पूजा की जाती है।  शिवरात्रि तथा सावन के महीने में यहां शिव भक्तों की विशेष भीड़ रहती है।

Pahari Mandir (Temple),

पहाड़ी बाबा मंदिर परिसर में मुख्य रूप से सात मंदिर है

1. भगवान शिव मंदिर (Lord Shiva Temple) :

Pahari Mandir (Temple)

2. महाकाल मंदिर ( Mahakaal Mandir) :

Pahari Mandir (Temple)

3. काली मंदिर (Kali Mandir) :

Pahari Mandir (Temple)

4. विश्वनाथ मंदिर ( Vishwnath Mandir):

Pahari Mandir (Temple)

5. हनुमान मंदिर (Hanuman Mandir) :

Pahari Mandir (Temple)

6. दुर्गा मंदिर (Durga Mandir) :

Pahari Mandir (Temple)

7. नाग मंदिर (Naag Mandir) :

Pahari Mandir (Temple)

पहाड़ी पर जितने भी मंदिर बने है उनमे नागराज का मंदिर सबसे प्राचीन है।  माना जाता है की छोटा नागपुर के नागवंशियों का इतिहास यही से शुरू हुआ है।

पहाड़ी के नीचे, जहां से की मंदिर की चढ़ाई शुरू होती है, एक झील है जिसे ‘रांची लेक’ कहते है इसका निर्माण 1842 में एक अंग्रेज़ कर्नल ओन्सेल ने करवाया था।  झील पर नहाने के लिए पक्के घाट बने हुए है जहाँ पर भक्त मंदिर की चढ़ाई शुरू करने से पहले स्नान करते है।

अधिकृत वेबसाइट (Official Website) http://www.paharimandirranchi.com

Other Similar Post :

  • दीमापुर – नागालैंड – यहाँ है शतरंज की विशाल गोटिया जिनसे खेलते थे भीम और घटोत्कच
  • लक्ष्मणेश्वर महादेव – खरौद – यहाँ पर है लाख छिद्रों वाला शिवलिंग (लक्षलिंग)
  • किराडू – राजस्थान का खजुराहो – 900 सालो से है वीरान
  • न्यू लकी रेस्टोरेंट – अहमदाबाद – कब्रों के बीच बना अनोखा रेस्टोरेंट
  • कहानी राजा भरथरी (भर्तृहरि) की – पत्नी के धोखे से आहत होकर बन गए तपस्वी

Related posts:

जटोली शिव मंदिर - पत्थरों को थपथपाने पर आती है डमरू की आवाज
विश्व का एकमात्र अर्धनारीश्वर शिवलिंग, होता है शिव और मां पार्वती मिलन, Ardhanarishwar Shivling of K...
क्वारैंटाइन मंदिर राजस्थान, राजस्थान में एक ऐसा मंदिर जहां पार्वतीजी होम क्वारैंटाइन में और महादेव क...
गड़ियाघाट माता मंदिर - माता के इस मंदिर में नदी के पानी से जलती है अखंड ज्योत
सिंहाचलम मंदिर - यहाँ पर वराह और नृसिंह अवतार का सयुंक्त रूप विराजित है माँ लक्ष्मी के साथ
आदि विनायक मंदिर - इस एक मात्र मंदिर में इंसान के चेहरे में है श्रीगणेश की मूर्ति
12 ज्योतिर्लिंग और उनसे जुडी ख़ास बातें
अष्टभुजा धाम | Ashtbhuja Dham | इस मंदिर में बिना सिर वाली मूर्तियों की होती है पूजा
रामदेवरा मंदिर, रूणिचा धाम- बाबा रामदेव (रामापीर) का समाधी स्थल
चंद्रकेश्वर मंदिर- एक अनूठा मंदिर जहां पानी में समाएं हैं भगवान शिव, च्यवन ऋषि ने की थी स्थापना

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Daily Horoscope

04/17/26

Pages

  • AdTest
  • Contact Us
  • Disclaimer
  • Guest Post & Sponsored Post
  • Privacy Policy
©2026 Ajab Gajab | Design: Newspaperly WordPress Theme